वाराणसी/सोनभद्र/वशिष्ठ वाणी। उत्तर प्रदेश में नशीले पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। कोडीन युक्त कफ सिरप तस्करी मामले में जेल में बंद आरोपी भोला प्रसाद जायसवाल की 28 करोड़ 50 लाख रुपये की चल-अचल संपत्तियों को सीज किया जा रहा है।
यह कार्रवाई सोनभद्र न्यायालय के आदेश पर BNSS की धारा 107 के तहत की जा रही है। सीओ सिटी रणवीर मिश्रा के नेतृत्व में टीम वाराणसी के भेलूपुर, चेतगंज और सिगरा थाना क्षेत्रों में स्थित विभिन्न संपत्तियों को सीज कर रही है।
मुख्य आरोपी अब भी फरार
जांच में सामने आया है कि इस रैकेट का मुख्य संचालक शुभम जायसवाल है, जो फिलहाल फरार बताया गया है जबकि उसके पिता भोला जायसवाल जेल में निरुद्ध हैं।
पृष्ठभूमि: ‘शैली ट्रेडर्स’ के जरिए अंतरराष्ट्रीय सप्लाई
जांच एजेंसियों के अनुसार —
- भोला जायसवाल ‘शैली ट्रेडर्स’ नाम से कारोबार चलाता था
- इसके जरिए बड़े पैमाने पर कोडीन युक्त कफ सिरप की तस्करी की गई
- सिरप की सप्लाई बांग्लादेश सहित पड़ोसी देशों तक की जाती थी
- इस अवैध व्यापार से भारी मात्रा में अवैध संपत्ति अर्जित की गई
रिपोर्ट्स में परिवार की कुल संपत्ति 30 से 38 करोड़ के बीच होने के अनुमान पहले भी सामने आ चुके हैं।
शासन की जीरो टॉलरेंस नीति का हिस्सा
यह पूरी कार्रवाई योगी सरकार की जीरो टॉलरेंस ड्रग नीति के तहत की जा रही है। पुलिस के अनुसार फरार आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई है।
मामले में ED (प्रवर्तन निदेशालय) भी अलग से मनी लॉन्ड्रिंग एंगल की जांच कर रहा है।
संयुक्त अभियान
वाराणसी पुलिस और सोनभद्र पुलिस की संयुक्त टीमें संपत्ति की कुर्की/सीज प्रक्रिया में जुटी हैं, जिससे प्रदेश में सक्रिय ड्रग नेटवर्क को सख्त संदेश जाएगा।

