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मलाड पश्चिम में निर्माण कार्य का शोर बना मुसीबत, बच्चों की पढ़ाई और आमजन का जीवन प्रभावित

Dotom Sapphire प्रोजेक्ट से स्थानीय लोगों में नाराज़गी, पुलिस की निष्क्रियता पर सवाल

मुंबई | वशिष्ठ वाणी | मलाड पश्चिम के जनकल्याण नगर क्षेत्र में Dotom Sapphire प्रोजेक्ट के तहत चल रहे निर्माण कार्य को लेकर स्थानीय नागरिकों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है। निर्माण स्थल पर चल रही भारी मशीनों से उत्पन्न अत्यधिक शोर के कारण क्षेत्र में रहने वाले लोगों का सामान्य जीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

स्थानीय निवासियों का कहना है कि तेज आवाज़ के कारण बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही है, वे पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित नहीं कर पा रहे हैं। वहीं, रातभर ड्यूटी करने वाले लोग दिन में घर आकर आराम भी नहीं कर पा रहे, जिससे उनकी सेहत पर भी असर पड़ रहा है। बुज़ुर्गों, महिलाओं और बीमार लोगों को भी लगातार हो रहे शोर से भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

लोगों का आरोप है कि इस मामले को लेकर पुलिस और संबंधित विभागों से कई बार शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पुलिस की चुप्पी से ऐसा प्रतीत होता है मानो निर्माण कार्य को मौन स्वीकृति प्राप्त हो।

निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि Noise Pollution Control नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए, निर्माण कार्य तय समय सीमा में किया जाए और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित बिल्डर के खिलाफ कार्रवाई की जाए।

इस पूरे मामले ने एक बार फिर शहरी इलाकों में अनियंत्रित निर्माण कार्य और प्रशासनिक निगरानी की स्थिति पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

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