वाराणसी/वशिष्ठ वाणी: वाराणसी के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थान Banaras Hindu University (BHU) परिसर के बिरला हॉस्टल के पास 21 फरवरी 2026 को हुई फायरिंग की सनसनीखेज घटना का आखिरकार पुलिस ने खुलासा कर दिया है। करीब एक महीने तक चली जांच और लगातार दबिश के बाद Lanka Police Station को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने इस मामले में शामिल तीनों शातिर अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया है और उन्हें न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
🔴 घटना की पृष्ठभूमि
21 फरवरी 2026 की शाम BHU के बिरला हॉस्टल के पास अचानक गोलियों की आवाज से पूरा क्षेत्र दहशत में आ गया था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बाइक सवार युवकों ने आपसी रंजिश के चलते खुलेआम फायरिंग की थी। घटना के समय वहां मौजूद छात्र-छात्राओं में अफरा-तफरी मच गई थी और कई लोग जान बचाकर इधर-उधर भागने लगे थे।
इस घटना ने न केवल BHU परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए, बल्कि शहर में भी कानून-व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी थी।
👮♂️ पुलिस की त्वरित कार्रवाई
घटना की गंभीरता को देखते हुए Lanka Police Station ने तुरंत अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया और जांच शुरू कर दी। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और संदिग्धों की पहचान करने का प्रयास किया।
इसके साथ ही स्थानीय मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय किया गया। पुलिस टीम ने लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दी, जिसके बाद आरोपियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिले।
🚨 गिरफ्तारी कैसे हुई?
पुलिस को मुखबिर से मिली सटीक सूचना के आधार पर एक विशेष टीम गठित की गई। इस टीम ने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई करते हुए तीनों आरोपियों को धर दबोचा।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से एक अवैध .32 बोर पिस्टल भी बरामद की, जिसे घटना में इस्तेमाल किया गया था।
👤 गिरफ्तार आरोपी
- पीयूष तिवारी (22 वर्ष)
- ऋषभ राय (24 वर्ष)
- तपस राय (23 वर्ष)
तीनों आरोपी बिहार के कैमूर जिला के निवासी हैं। पुलिस के अनुसार, इनका आपराधिक रिकॉर्ड पहले से मौजूद है और विभिन्न थानों में इनके खिलाफ कई गंभीर धाराओं में मामले दर्ज हैं।
⚖️ आपराधिक इतिहास और रंजिश
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यह फायरिंग आपसी रंजिश का परिणाम थी। आरोपियों के बीच पहले से विवाद चल रहा था, जो इस घटना का कारण बना। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क और इनके अन्य साथियों की भी जांच कर रही है।
🏆 पुलिस टीम को मिला इनाम
इस महत्वपूर्ण सफलता पर उच्च अधिकारियों ने Lanka Police Station की टीम को ₹25,000 का नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है। पुलिस अधिकारियों ने टीम के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस कार्रवाई से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को मजबूत करने में मदद मिलेगी।
📌 आगे की कार्रवाई
पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी कर उन्हें न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। साथ ही, इस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित आरोपियों की तलाश भी जारी है।
🔍 निष्कर्ष
BHU जैसे बड़े शैक्षणिक संस्थान के पास हुई इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए थे। हालांकि, पुलिस की सक्रियता और त्वरित कार्रवाई से न केवल आरोपियों की गिरफ्तारी संभव हो सकी, बल्कि यह भी संदेश गया कि कानून के हाथ लंबे होते हैं और अपराधियों को जल्द ही सजा दिलाई जाएगी।













