लोकप्रिय विषयमहाराष्ट्रसम्पादकीयकवितास्वास्थ्यअपराधअन्यवीडियो

शेयर ट्रेडिंग के नाम पर करोड़ों की ठगी करने वाला अंतरराज्यीय साइबर गिरोह बेनकाब, सरगना समेत 9 गिरफ्तार

वाराणसी/वशिष्ठ वाणी। साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत वाराणसी पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। साइबर क्राइम थाना पुलिस ने फर्जी कॉल सेंटर के जरिए शेयर ट्रेडिंग के नाम पर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक अंतरराज्यीय साइबर ठग गिरोह का पर्दाफाश करते हुए गिरोह के सरगना समेत कुल 9 शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है।

एडीसीपी साइबर क्राइम नीतू कात्यान ने प्रेस वार्ता में बताया कि गिरफ्तार आरोपी META (फेसबुक, इंस्टाग्राम) और गूगल जैसे प्रतिष्ठित डिजिटल प्लेटफॉर्म पर नामी कंपनियों के नाम से फर्जी विज्ञापन चलाते थे। इन विज्ञापनों के माध्यम से निवेश में भारी मुनाफे का लालच देकर लोगों को अपने जाल में फंसाया जाता था।

आरोपी खुद को ट्रेडिंग एक्सपर्ट बताकर पीड़ितों से संपर्क करते और उनसे डीमैट अकाउंट की लॉगिन आईडी व पासवर्ड हासिल कर लेते थे। इसके बाद ब्रोकरेज और ट्रेडिंग के नाम पर डीमैट अकाउंट में फर्जी खरीद-बिक्री कर निवेशकों को भारी आर्थिक नुकसान पहुंचाया जाता था। अंततः अकाउंट पर पूरा नियंत्रण कर उसमें मौजूद धनराशि को म्यूल बैंक खातों में ट्रांसफर कर निकाल लिया जाता था।

पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरोह के सभी सदस्य 23 से 25 वर्ष आयु वर्ग के हैं और उत्तर प्रदेश समेत अन्य राज्यों के निवासी हैं। गिरोह का मुख्य सरगना भी पुलिस की गिरफ्त में आ चुका है।

बरामदगी का विवरण:
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से

  • 20 मोबाइल फोन
  • 7 सिम कार्ड
  • 30 एटीएम/डेबिट/क्रेडिट कार्ड
  • 3 लैपटॉप
  • 2 महिंद्रा थार वाहन
  • 24 ग्राम पीली धातु (अनुमानित मूल्य ₹3.5 लाख)
  • ₹4,88,920 नकद

इसके साथ ही आधार कार्ड, पैन कार्ड, वोटर आईडी, ड्राइविंग लाइसेंस, चेकबुक और पासबुक जैसे कई महत्वपूर्ण दस्तावेज भी बरामद किए गए हैं।

इस संबंध में थाना साइबर क्राइम कमिश्नरेट वाराणसी में आरोपियों के खिलाफ BNS एवं आईटी एक्ट की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।

इस सफल कार्रवाई में डीसीपी अपराध सरवणन टी, एडीसीपी साइबर क्राइम नीतू कात्यान एवं एसीपी विदुष सक्सेना का विशेष मार्गदर्शन रहा। पुलिस टीम में प्रभारी निरीक्षक गोपाल जी कुशवाहा, निरीक्षक राजेश कुमार गौतम, उपनिरीक्षक राजेश भदौरिया, विवेक सिंह, शैलेंद्र कुमार, सहायक उपनिरीक्षक, गौरव तोमर, हेड कांस्टेबल गोपाल चौहान, रजनीकांत, गौतम कुमार, दिवाकर वत्स, कांस्टेबल चंद्रशेखर यादव, देवेंद्र यादव, अनिल कुमार यादव, अनिल कुमार मौर्या, जितेंद्र मौर्या, अंकित प्रजापति, मनीष सिंह, जावेद अख्तर एवं त्रिलोकी कुमार शामिल रहे।

Join WhatsApp

Join Now

और पढ़ें

रात 2 बजे मदद मांगने आईं महिलाओं से आनाकानी: मालवणी पुलिस के PSI प्रफुल पर कब गिरेगी गाज?

क्या बीएमसी कमिश्नर अश्विनी भिड़े भी कुंभकर्णी नींद में सो रहे हैं? मालाड में 53 दिनों से ‘वशिष्ठ वाणी’ की गूंज, फिर भी भू-माफियाओं का राज!

BMC के राज में चारकोप सिग्नल बना ‘खंडहर’! अधिकारियों के जाते ही फिर सजती हैं अवैध दुकानें, फुटपाथ पर गंदगी का साम्राज्य

पीएम मोदी जी, देखिए आपके नेतृत्व में भी नहीं ध्यान दे रहे महाराष्ट्र के CM देवेंद्र फडणवीस! एकता नगर की जनता ‘राम भरोसे’

कांचपाड़ा सिग्नल पर ‘बैनरबाज़ी’ का कब्ज़ा: नेताओं को प्रचार की भूख, BMC अधिकारियों को लगी ‘प्रमोशन’ की मोतियाबिंद!

Leave a Comment