लोकप्रिय विषयमहाराष्ट्रसम्पादकीयकवितास्वास्थ्यअपराधअन्यवीडियो

MHADA की लापरवाही: रोहित शिंदे और संतोष कांबले की अनदेखी से मालवणी के ‘सामना नगर’ में आपातकालीन रास्ता बना अवैध पार्किंग का अड्डा

मालवणी: मालवणी गेट नंबर 8 स्थित ‘सामना नगर’ में रह रहे सैकड़ों परिवारों की सुरक्षा एक बार फिर दांव पर लगी है। रिहायशी सोसायटियों के आपातकालीन निकास (Emergency Exit) और रास्ते पर हो रही अवैध पार्किंग ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। विडंबना यह है कि मामले की शिकायतें लगातार MHADA के अधिकारियों तक पहुंच रही हैं, लेकिन जिम्मेदारों की चुप्पी किसी बड़ी अनहोनी को न्योता दे रही है।

अधिकारियों का ‘लेटर-लेटर’ का खेल, धरातल पर शून्य कार्रवाई

‘वशिष्ठ वाणी’ के पास मौजूद सबूतों और स्थानीय निवासियों की शिकायतों के अनुसार, MHADA अधिकारी रोहित शिंदे पिछले तीन महीनों से केवल एक ही रटा-रटाया जवाब दे रहे हैं—”मैं लेटर जारी करवा रहा हूं।” लेकिन, न तो आज तक कोई पत्र जारी हुआ है और न ही अवैध पार्किंग हटाने के लिए कोई ठोस कदम उठाया गया।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि जब उनसे वरिष्ठ अधिकारी संतोष कांबले के बारे में पूछा जाता है, तो स्थिति स्पष्ट नहीं की जाती। संतोष कांबले मालवणी क्षेत्र के दौरों पर तो आते हैं, लेकिन सामना नगर में जाकर वास्तविकता देखने से परहेज करते हैं। उनका बार-बार मौके पर आने से मना करना इस पूरे प्रशासनिक तंत्र की मिलीभगत पर सवाल खड़े करता है।

न्यायालय की दहलीज पर मामला: MHADA के उपाध्यक्ष से लेकर शिंदे तक घेरे में

जन सुरक्षा को नजरअंदाज करने और अपने पद के दुरुपयोग के चलते अब यह मामला न्यायालय तक पहुंच चुका है। 7 जुलाई 2026 तक की समयसीमा के साथ, MHADA के उपाध्यक्ष से लेकर रोहित शिंदे तक इस मामले में प्रतिवादी बनाए गए हैं। आरोप है कि ये अधिकारी अपनी कुर्सियों पर बैठकर जनहित के मुद्दों को अनदेखा कर रहे हैं। यदि अधिकारियों को नागरिकों की जान की परवाह होती, तो अब तक मालवणी पुलिस और कांदिवली RTO को पत्र लिखकर यह आपातकालीन रास्ता खाली करवा दिया गया होता।

वशिष्ठ वाणी का संकल्प: “जब तक कार्रवाई नहीं, तब तक जंग जारी”

वशिष्ठ वाणी ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए आर-पार की लड़ाई का मन बना लिया है। वशिष्ठ वाणी का स्पष्ट कहना है कि जब तक न्यायालय के निर्देशों के अनुसार दोषियों पर कार्रवाई नहीं हो जाती, तब तक इन भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ मुहिम जारी रहेगी।

  • जन सुरक्षा सर्वोपरि: वशिष्ठ वाणी उन तमाम कोशिशों को जारी रखेगा जिससे किसी भी परिवार के जीवन पर खतरा न आए।
  • अवैध कब्जों पर वार: फेडरेशन द्वारा अवैध पार्किंग बंद करवाए जाने के बाद से कुछ तत्व इस जगह को खंडहर बनाने की साजिश रच रहे हैं, जिसे वशिष्ठ वाणी किसी भी सूरत में कामयाब नहीं होने देगा।

सवाल अब यह है कि क्या रोहित शिंदे और संतोष कांबले जैसे अधिकारियों की नींद तब टूटेगी जब कोई बड़ा हादसा हो जाएगा? वशिष्ठ वाणी की यह मुहिम तब तक नहीं रुकेगी, जब तक सामना नगर के निवासियों को उनका सुरक्षित रास्ता वापस नहीं मिल जाता।

Join WhatsApp

Join Now

और पढ़ें

विशेष रिपोर्ट: ‘सुशासन’ के दावों के बीच ‘खाकी’ की नीलामी — गृह मंत्री देवेंद्र फडणवीस के राज में मालवणी पुलिस का ‘सेटलमेंट मॉडल’!

मालवणी पुलिस चौकी या समझौता केंद्र? — BNS 118 (1) जैसी गैर-जमानती धारा के बाद भी आरोपी बाहर

नहीं रहे ‘क्रांतिवीर’: 75 वर्ष की आयु में नाना पाटेकर का निधन; बॉलीवुड से लेकर राजनीतिक गलियारों तक छाया गहरा शोक

मालवाणी POCSO मामला: बच्ची के साथ खड़े होने के बजाय आरोपी पूर्व चेयरमैन की ढाल बने BJP कार्यकर्ता व समर्थक, सूत्रों का दावा- ‘फंसाने’ की अफ़वाह फैलाकर रची जा रही साजिश!

मालवाणी POCSO मामला: बीजेपी आलाकमान ध्यान दे! ‘वार्ड अध्यक्ष’ बनते ही कार्यकर्ताओं में पनपा ‘राजा’ बनने का वहम; एफआईआर फाड़ने से लेकर मीडिया को दी गई धमकियाँ हुईं पस्त!

BREAKING NEWS: मालवाणी में POCSO के तहत म्हाडा सोसाइटी का चेयरमैन बालासाहेब भगत गिरफ्तार; एफआईआर दर्ज होते ही पुलिस ने लॉकअप में डाला

Leave a Comment