रिपोर्ट: वशिष्ठ वाणी न्यूज़ डेस्क
मालाड (पश्चिम): मुंबई के मालाड वेस्ट स्थित भाद्रन नगर रोड नंबर 1, कोल्सा वाला गली में इन दिनों कानून की धज्जियां खुलेआम उड़ाई जा रही हैं। स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, रेलवे ट्रैक के बेहद करीब एक बड़ा अवैध निर्माण खड़ा किया जा रहा है, जिसे लेकर इलाके में तनाव का माहौल है।
अधिकारियों की चुप्पी पर उठे सवाल
इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली बात BMC (बृहन्मुंबई नगर निगम) के अधिकारियों की भूमिका है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि बीएमसी के वरिष्ठ अधिकारी कुंदन वळवी की मिलीभगत के बिना इतना बड़ा निर्माण रेलवे सुरक्षा क्षेत्र (Safety Zone) में संभव नहीं है। सवाल यह है कि आखिर कुंदन वळवी द्वारा इस अवैध निर्माण पर अब तक बुलडोजर क्यों नहीं चलाया गया? क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे का इंतज़ार कर रहा है?

विरोध करने पर गुंडागर्दी और धमकियां
क्षेत्र के जागरूक नागरिक जब इस अवैध कब्जे और निर्माण का विरोध करने पहुंचते हैं, तो उन्हें कब्जाधारियों की तरफ से डराया-धमकाया जाता है। सूत्रों के मुताबिक, कब्जा करने वाले लोग स्थानीय लोगों के साथ लड़ाई-झगड़ा और मारपीट पर उतारू हो जाते हैं, जिससे आम जनता के बीच भय का माहौल बना हुआ है।
सुरक्षा मानकों की बड़ी अनदेखी
रेलवे पटरियों के पास किसी भी प्रकार का पक्का निर्माण रेलवे सुरक्षा अधिनियम के तहत सख्त मना है। यह न केवल रेल परिचालन के लिए खतरा है, बल्कि भविष्य में किसी बड़ी दुर्घटना का कारण भी बन सकता है। इसके बावजूद, कोल्सा वाला गली में धड़ल्ले से चल रहा यह काम प्रशासन की कार्यप्रणाली पर कालिख पोत रहा है।
वशिष्ठ वाणी की चेतावनी:
“अगर बीएमसी प्रशासन और अधिकारी कुंदन वळवी द्वारा भाद्रन नगर रोड नंबर 1 पर हो रहे इस अवैध निर्माण को तुरंत ध्वस्त नहीं किया जाता, तो इस मुद्दे को लेकर बड़े पैमाने पर आंदोलन किया जाएगा और वरिष्ठ अधिकारियों तक इसकी शिकायत पहुंचाई जाएगी।”
अब देखना यह है कि क्या बीएमसी प्रशासन अपनी गहरी नींद से जागता है या भू-माफियाओं के सामने नतमस्तक रहता है?











