लोकप्रिय विषयमहाराष्ट्रसम्पादकीयकवितास्वास्थ्यअपराधअन्यवीडियो

मुख्यमंत्री के आदेश भी बेअसर! गोरेगांव ट्रैफिक विभाग के ‘बेशर्म’ अधिकारियों की शह पर न्यू लिंक रोड पर आज भी जस का तस अवैध कब्जा

मुंबई ब्यूरो: महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सख्त प्रशासनिक निर्देशों और ‘सुशासन’ के दावों को गोरेगांव ट्रैफिक विभाग के इन लापरवाह अधिकारियों ने खुलेआम कचरे के डिब्बे में डाल दिया है। कल ही ‘वशिष्ठ वाणी’ ने मुख्यमंत्री के नाम पर गंभीर सवाल उठाते हुए न्यू लिंक रोड पर चल रहे इस अवैध पार्किंग साम्राज्य का कच्चा-चिट्ठा खोला था। हमें पूरी उम्मीद थी कि शायद मुख्यमंत्री का नाम और जनता का गुस्सा देखकर इन अधिकारियों की अकल ठिकाने आएगी और आज न्यू लिंक रोड खुला हुआ मिलेगा।

लेकिन आज जब ‘वशिष्ठ वाणी’ की टीम ने मौके पर जाकर ग्राउंड रियलिटी चेक किया, तो नजारा देखकर खून खौल उठा!

“मुख्यमंत्री के पास फुर्सत नहीं, हम अपनी मलाई नहीं छोड़ेंगे!” — गोरेगांव ट्रैफिक विभाग का रवैया

आज की जमीनी हकीकत यह बता रही है कि जब अधिकारी पूरी तरह भ्रष्ट और जिद्दी हो जाते हैं, तो उन्हें इस बात से कोई फर्क नहीं पड़ता कि खबर मुख्यमंत्री के नाम से छप रही है या प्रधानमंत्री के। गोरेगांव ट्रैफिक विभाग के इन वरिष्ठ अधिकारियों और एसीपी साहब को शायद यह घमंड हो चुका है कि “मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस जी के पास इतना वक्त थोड़ी है कि वे हमारी हर नाकामी देखेंगे, इसलिए मलाई का यह खेल ऐसे ही जारी रखो!”

आज भी न्यू लिंक रोड पर टाटा, हुंडई, एमजी, विनफास्ट, प्राइड और फ्लैग रेस्टोरेंट के बाहर गाड़ियों की लंबी कतारें उसी तरह सड़क को जाम किए खड़ी थीं, जैसे यह कोई सड़क नहीं बल्कि उनकी बपौती हो।

न्यू लिंक रोड के वे 10 ठिकाने, जहाँ धड़ल्ले से जारी है अवैध कब्जा:

पड़ताल के दौरान न्यू लिंक रोड के उन प्रमुख स्थानों की सूची सामने आई है, जहाँ ‘नो पार्किंग’ और नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं:


टाटा कार्स शोरूम (पुनीत कार्स): चारमूर्ति कंपाउंड, न्यू लिंक रोड (एवरशाइन मॉल के पास, चिंचोली बंदर, मालाड वेस्ट)। सड़क के ठीक दूसरी तरफ ‘नो पार्किंग’ का बोर्ड होने के बावजूद, टाटा की गाड़ियां फुटपाथ और मुख्य सड़क पर लाइन से खड़ी रहती हैं।


मोदी हुंडई शोरूम: चावड़ा कमर्शियल सेंटर, फायर ब्रिगेड के पास, न्यू लिंक रोड (चिंचोली बंदर, मालाड वेस्ट)। बार-बार शिकायतों के बावजूद यहाँ सड़क पर वाहन पार्क करने का सिलसिला बदस्तूर जारी है।


एमजी कार शोरूम (MG Motor): न्यू लिंक रोड, मालाड वेस्ट। ‘नो पार्किंग’ ज़ोन होने के बावजूद मुख्य सड़क पर खुलेआम दो-दो लाइन (Double Line) में गाड़ियां खड़ी करवाई जाती हैं।


विनफास्ट शोरूम (अमरकुंज): न्यू लिंक रोड, राजन पाड़ा, माइंडस्पेस, मालाड वेस्ट। हाल ही में खुले इस नए शोरूम ने भी उद्घाटन के साथ ही मुख्य मार्ग को अपनी निजी पार्किंग में तब्दील कर लिया है।


प्राइड रेस्टोरेंट: इनऑर्बिट मॉल के पास, न्यू लिंक रोड, माइंडस्पेस, मालाड वेस्ट (पिन – 400064)। यहाँ आने वाले ग्राहकों के वाहनों का अंबार मुख्य रास्ते को पूरी तरह बाधित कर देता है।


ग्रीन्स रेस्टोरेंट व आसपास की दुकानें: लिंकवे एस्टेट, न्यू लिंक रोड, माइंडस्पेस, मालाड वेस्ट (पिन – 400064)। स्पष्ट ‘नो पार्किंग’ बोर्ड के नीचे बेधड़क वाहनों की पार्किंग जारी रहती है।



मारुति सुज़ुकी एरिना (एक्ससेल ऑटोविस्टा): सिद्धांचल आर्केड, इनऑर्बिट मॉल के पास, न्यू लिंक रोड, सुंदर नगर, मालाड वेस्ट। बेतरतीब पार्किंग के कारण यहाँ आए दिन भीषण ट्रैफिक जाम लगता है।


फ्लैग रेस्टोरेंट: चिंचोली बंदर रोड, न्यू लिंक रोड, मालाड वेस्ट (पिन – 400064)। इस रेस्टोरेंट के बाहर गोरेगांव ट्रैफिक विभाग की मेहरबानी साफ दिखती है; जब तक इनका खुद का मन न हो, ट्रैफिक पुलिस यहाँ कार्रवाई करने से बचती है।


ऑटोरेस टीवीएस शोरूम: नं. 1086A/2, पानाचे हाउस, न्यू लिंक रोड, क्लाउड नाइन अस्पताल के पास, राम नगर, मालाड वेस्ट। आम नागरिकों की बाइकों पर तुरंत क्रेन चलाने वाली ट्रैफिक पुलिस, इस शोरूम के पास आकर आँखें मूंद लेती है।


‘वशिष्ठ वाणी’ का सीधा सवाल

जब न्यू लिंक रोड पर इन 10 प्रमुख जगहों पर खुलेआम नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं और आम जनता तथा स्कूली बच्चों का चलना दूभर हो गया है, तब गोरेगांव ट्रैफिक विभाग के वरिष्ठ अधिकारी इन पर स्थायी कार्रवाई क्यों नहीं कर रहे?

‘वशिष्ठ वाणी’ इस जनहित के मुद्दे को तब तक प्रमुखता से उठाता रहेगा जब तक न्यू लिंक रोड के इन सभी स्थानों को अवैध कब्जों से पूरी तरह मुक्त नहीं करा लिया जाता।

Join WhatsApp

Join Now

और पढ़ें

वशिष्ट वाणी एक्सक्लूसिव: DCP Zone 11 दें जवाब! मालवणी पुलिस की ‘टेक्निकल सोच’ और इंसाफ मांगती पीड़िता पर आपकी खामोशी क्यों?

‘रुद्रा बिल्डर्स एंड डेवलपर्स’ को बदनाम करने की साज़िश; अफ़वाहबाज़ों और फर्जी यूट्यूबर्स पर पुलिस साइबर सेल में शिकायत दर्ज, राहुल प्रताप सिंह ने खोला मोर्चा

‘खाकी’ की बेफिक्री और प्रशासनिक मौन: खबर छपने के बाद भी मालवणी पुलिस का वही ढर्रा, क्या मीडिया से नहीं अब सीधे ‘सिस्टम’ से उठ चुका है भरोसा?

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, क्या आपकी नाक के नीचे बेखौफ हो चुके हैं अफसर? न्यू लिंक रोड बना कार शोरूमों और रेस्टोरेंटों का ‘निजी पार्किंग साम्राज्य’, गोरेगांव ट्रैफिक विभाग की चुप्पी पर बड़े सवाल!

25 हज़ार जिंदगियों पर मंडरा रहा बारूद, एसीपी दफ्तर की अधिकारी बोलीं—”हमारा काम सिर्फ फोन करना है!”: मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस जी, आपके राज में बेखौफ अफसरों की यह ‘कागजी मेहरबानी’ कब तक?

मंत्रालय तक गूंजेगी प्रवीण वाघेला की करतूत! ‘वशिष्ठ वाणी’ के खुलासे के बाद भी जन कल्याण नगर फुटपाथ पर अवैध कब्जा जारी

Leave a Comment