राजातालाब पुलिस और एसओजी की कार्रवाई, अवैध तमंचा, खोखा व जिंदा कारतूस बरामद
वाराणसी/वशिष्ठ वाणी। राजातालाब थाना क्षेत्र में 22 वर्षीय श्रेया उपाध्याय की हत्या के मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी विवेक चौबे उर्फ निखिल को पुलिस मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जक्खिनी भेजा गया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 315 बोर का अवैध देशी तमंचा, खोखा कारतूस और जिंदा कारतूस बरामद किया है।
पुलिस के अनुसार, ग्राम मरुई, थाना राजातालाब निवासी श्रेया उपाध्याय 18 अगस्त 2026 को लापता हुई थीं। इसके बाद 20 अगस्त को उनका शव थाना रोहनिया क्षेत्र के बच्छाव पश्चिमपुरा में बरामद हुआ था। मामले में राजातालाब थाने में मुकदमा दर्ज कर घटना के शीघ्र अनावरण और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन किया गया था।
पहले दो सहआरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
घटना की जांच के दौरान पुलिस ने 24 अगस्त को मुठभेड़ के दौरान सहआरोपी पुनीत मिश्रा को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके बाद 27 अगस्त को पुलिस ने रामसहाय चौबे को भी गिरफ्तार कर लिया था। वहीं मुख्य आरोपी विवेक चौबे की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी।
जगरदेवपुर के पास पुलिस ने की घेराबंदी
पुलिस के मुताबिक, 7 सितंबर को राजातालाब पुलिस टीम वांछित आरोपियों की तलाश और चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि मामले से संबंधित आरोपी जगरदेवपुर की ओर से जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने जगरदेवपुर के पास चेकिंग शुरू की।
इसी दौरान एक संदिग्ध व्यक्ति पुलिस टीम को देखकर पैदल भागने लगा। पुलिस ने उसका पीछा कर पकड़ने का प्रयास किया तो आरोपी ने कथित रूप से पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायर कर दिया। पुलिस के अनुसार, आत्मरक्षार्थ की गई जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी और वह घायल होकर गिर पड़ा।
पुलिस ने घायल आरोपी की पहचान विवेक चौबे पुत्र रामसहाय चौबे, निवासी नियार डीह, थाना चोलापुर, वाराणसी के रूप में की। उसे तत्काल उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जक्खिनी भेजा गया।
शादी तय होने से नाराज था आरोपी : पुलिस
पुलिस की पूछताछ में आरोपी विवेक चौबे उर्फ निखिल ने कथित तौर पर बताया कि श्रेया की शादी किसी अन्य व्यक्ति से तय होने से नाराज होकर उसने अपने साथी पुनीत मिश्रा के साथ मिलकर 18 अगस्त को हत्या की घटना को अंजाम दिया था।
पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान आरोपी द्वारा दी गई जानकारी को उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों से मिलाया जा रहा है। मामले में आगे की विवेचनात्मक कार्रवाई जारी है।
आर्म्स एक्ट में भी मुकदमा दर्ज
आरोपी के कब्जे से बरामद अवैध तमंचा, खोखा और जिंदा कारतूस के संबंध में थाना राजातालाब में आयुध अधिनियम के तहत अलग से अभियोग पंजीकृत कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
श्रेया हत्याकांड में मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस घटना में शामिल अन्य पहलुओं, हत्या की पूरी परिस्थितियों और आरोपियों की भूमिका को लेकर जांच आगे बढ़ा रही है।














