वाराणसी/वशिष्ठ वाणी। महानगर युवा कांग्रेस, वाराणसी के तत्वावधान में शुक्रवार को “मनरेगा बचाओ महासंग्राम” अभियान के तहत पंचायत भवन, छित्तूपुर (बीएचयू) में जनचौपाल एवं कंबल वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कड़ाके की ठंड को देखते हुए कार्यक्रम में 300 जरूरतमंदों के बीच कंबल वितरित किए गए।

कार्यक्रम के दौरान मनरेगा की वर्तमान स्थिति, मजदूरों के अधिकार एवं सरकारी नीतियों पर व्यापक चर्चा की गई। मजदूरों एवं स्थानीय नागरिकों ने अपनी समस्याएं जनचौपाल में खुलकर रखीं।

मुख्य एवं विशिष्ट अतिथि का संबोधन

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि प्रदेश युवा कांग्रेस अध्यक्ष विशाल सिंह रहे, जबकि विशिष्ट अतिथि महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे थे।

प्रदेश अध्यक्ष विशाल सिंह ने कहा कि मनरेगा गरीब एवं मजदूर वर्ग की जीवनरेखा है, लेकिन मौजूदा सरकार इसके बजट में कटौती कर मजदूरों के अधिकारों को कमजोर कर रही है। उन्होंने कहा कि युवा कांग्रेस सड़क से सदन तक संघर्ष जारी रखेगी।

महानगर कांग्रेस अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे ने कहा कि भाजपा सरकार में गरीब और मजदूर सबसे अधिक प्रभावित हुए हैं। महंगाई, रोजगार और ठंड—तीनों मोर्चों पर जनता परेशान है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस जरूरतमंदों के साथ खड़ी है।

युवा नेतृत्व ने रखा पक्ष

कार्यक्रम की अध्यक्षता महानगर युवा कांग्रेस अध्यक्ष चंचल शर्मा ने की। उन्होंने कहा कि मनरेगा केवल योजना नहीं, बल्कि गरीबों के सम्मान और आत्मनिर्भरता का साधन है।

कार्यक्रम संयोजक प्रदेश सचिव युवा कांग्रेस सिद्धार्थ केशरी ने कहा कि जनचौपाल के माध्यम से मजदूरों की समस्याओं को सीधे सुना गया और समाधान पर ठोस चर्चा की गई। साथ ही कंबल वितरण के जरिए राहत पहुंचाने का प्रयास किया गया, जो अभियान आगामी दिनों में भी जारी रहेगा।

कार्यक्रम का संचालन वाराणसी युवा कांग्रेस प्रभारी माधव कृष्ण एवं धन्यवाद ज्ञापन सह प्रभारी अर्शिया ख़ान द्वारा किया गया।

उपस्थित प्रमुख पदाधिकारी

कार्यक्रम में प्रदेश अध्यक्ष युवा कांग्रेस विशाल सिंह, महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे, महानगर युवा कांग्रेस अध्यक्ष चंचल शर्मा, प्रदेश सचिव सिद्धार्थ केशरी, प्रदेश महासचिव ओम शुक्ला, प्रदेश महासचिव अरुणेश सिंह अन्नू, वाराणसी प्रभारी माधव कृष्ण, अर्शिया ख़ान, प्रदेश सचिव कुंवर यादव, रोहित दुबे, धीरज सोनकर, मोहम्मद जिशान, बृजेश यादव, अंजनी सिंह, जमाल अहमद सहित युवा कांग्रेस पदाधिकारी व बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।

जनचौपाल में मजदूरों ने अपनी समस्याएं रखते हुए उनके समाधान के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।