एटीएम कार्ड नहीं किए इस्तेमाल फिर भी बैंक खाते से गायब हो गए पैसे

एटीएम कार्ड नहीं किए इस्तेमाल फिर भी बैंक खाते से गायब हो गए पैसे

-क्लोन एटीएम बना बिना ओटीपी, पिन और खाता नम्बर पूछे साईबर अपराधियों ने उड़ाए पैसे,

-साईबर अपराधियों ने नए तरीके इस्तेमाल कर उड़ा रहें है पैसे, हो जाए सावधान।

वाराणसी : रोहनियां (19/06/2021) बैंकों में रखी आपकी गाढ़ी कमाई क्या वाकई सुरक्षित है ? सवाल इसलिए क्योंकि राजातालाब में इलेक्ट्रॉनिक शाप चलाने वाले एक व्यापारी के अकाउंट से पैसे निकल गए जबकि उन्होंने तो पैसे कहीं निकाले ही नहीं. पुलिस जांच करने की बात कह रही है तो बैंक ने भी जांच की बात कही है.

ताज्जुब की बात ये है कि उक्त व्यापारी के खाते से 25 हजार रूपयो की रकम एटीएम के जरिए निकाली गई है जबकि उनके एटीएम उनके पास ही थे. इसकी जानकारी तब हुई जब उनके मोबाइल पर रकम निकाले जाने का मैसेज आया. जालसाजी का शिकार हुए पीड़ित ने बैंक और पुलिस से शिकायत की है. पुलिस और बैंक के अधिकारी मामले की जांच में जुट गए हैं.

वाराणसी के थाना रोहनियाँ क्षेत्र स्थित यूबीआई बैंक के उक्त अकाउंट होल्डर उस वक्त सकते में आ गए जब इनके मोबाइल पर एक मैसेज आया. मैसेज इनके अकाउंट डिटेल का था जिसमें ये बताया गया था कि इनके खाते से एक के बाद एक कई ट्रांजेक्शन कर 25 हजार रूपयों की रकम निकाली गई है.

फ़ौरन पीड़ित बैंक पहुचे तो बैंक अधिकारियो ने बताया कि ये रकम किसी एटीएम से निकाली गई है. ठगे गए पीड़ित ने थाना रोहनियां में पुलिस से शिकायत की. पुलिस ने जालसाजों की तलाश में जुट गई है.

साइबर अपराधी ने गंगापुर नगर पंचायत में रहने वाले मधुसूदन केशरी के खाते से क्‍लोन एटीएम के जरिए 25 हज़ार रुपये उड़ा लिए। जबकि उन्हें ना कॉल कर खाते की जनाकारी ली गई और न ही ओटीपी की जानकारी ली गई। आशंका जताई जा रही है कि क्लोन एटीएम तैयार कर उनके खाते से रुपये उड़ाए गए हैं।

पुलिस भी हैरान है कि आखिर ये कौन सा गिरोह है जो लोगों का एटीएम हैक कर घर बैठे ही इन्हें लूट रहा है.

एटीएम में इन बातों का रखें ख्याल

अक्सर देखा गया है कि एटीएम क्लोनिंग में या तो खाताधारक को फोन करके अकाउंट की जानकारी ली जाती है या फिर एटीएम कार्ड की कोई जानकारी लेकर ये धंधा किया जाता है, लेकिन इस बार न तो बैक कर्मचारी बनकर कार्ड का नंबर पूछा न हीं उनके पास कोई फोन कॉल आया। उन्हें खाते से पैसे डेबिट होने का मैसेज मिलने पर तब उन्हें मालूम चला। उन्होंने चोर का पता लगाने के लिए पुलिस को आवेदन दिया है।

ऐसे बच सकते हैं आप
सामाजिक कार्यकर्ता राजकुमार गुप्ता बताते हैं कि लोग कुछ बेसिक चीजों का ख्याल रखे तो ऐसी घटनाओं से बचा जा सकता है।

  • ऐसे एटीएम का इस्तेमाल करने से बचें, जिनमें कोई गार्ड न हो, क्योंकि ऐसी फ्रॉड करने वाले ऐसे ही एटीएम बूथ को टारगेट करते हैं।
  • एटीएम यूज करने से पहले एक बार खुद एटीएम बूथ की जांच कर लें। देंख लें कि कोई क्लोनर या कार्ड को स्कैन करने वाला कैमरा तो नहीं लगाया गया है।
  • एटीएम बूथ में पैसे निकालते हुए ध्यान रखें कि उस वक्त बूथ में कोई दूसरा न हों।
  • फोन पर अपने खाते की जानकारी किसी को न दें और यदि बैंक का कॉल भी हो तो पहले वैरिफाई कर लें।

बताते चले कि स्किमर के जरिए जालसाज एटीएम कार्ड का क्लोन बना लेते हैं और खाते से पैसा निकाल लेते हैं। स्कीमर एक डिवाइस होती है। एटीएम मशीन में जहां कार्ड लगता है, वहां वह लगा दी जाती है। इससे जब कोई व्‍यक्ति पैसे निकालने एटीएम आता है तो उसे पता ही नहीं होता कि यहां स्कीमर लगा हुआ है। दरअसल यह डिवाइस उसी जगह में फिट हो जाती है जहां कार्ड लगता है। जब कोई इसमें कार्ड लगाता है तो यह कार्ड का डेटा कॉपी कर लेता है और फिर जालसाज उसी डेटा से दूसरा कार्ड बनाकर संबंधित बैंक खाते से पैसे निकाल लेते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *